श्री सचि तनयाश्टकं

Sri Sachi Tanayashtakam(in Hindi) (१) उज्ज्वल-वरण-गौर-वर-देहं विलसित-निरवधि-भाव-विदेहं त्रि-भुवन-पावन-कृपयः लेशं तं प्रणमामि च श्री-सचि-तनयं (२) गद्गदांतर-भाव-विकारं दुर्जन-तर्जन-नाद-विशालं भव-भय-भंजन-कारण-करुणं तं प्रणमामि च श्री-सचि-तनयं (३) अरुणांबर-धर चारु-कपोलं इंदु-विनिंदित-नख-चय-रुचिरं जल्पित-निज-गुण-नाम-विनोदं तं प्रणमामि च श्री-सचि-तनयं … Continue reading श्री सचि तनयाश्टकं

श्री विग्रह को नमस्कार

Greeting the deities (in Hindi) गोविंदं आदिपुरुषं तमहं भजामि गोविंदं आदिपुरुषं तमहं भजामि गोविंदं आदिपुरुषं तमहं भजामि वेणुं क्वणंतं अरविंद-दलायताक्षं बर्हावतंसं असितांबुद सुंदरांगं कंदर्प-कोटि-कमनीय-विशेष-शोभं गोविंदं आदिपुरुषं तमहं भजामि अंगानि यस्य … Continue reading श्री विग्रह को नमस्कार

गौरा पहुन्

Gaurā Pahū (in Hindi) गोरा पहुन् ना भजिया मैनु प्रेम-रतन-धन हेलाय हाराइनु अधने जतन कोरि धन तेयागिनु आपन करम-दोषे आपनि डुबिनु सत्संग छाडि ‘ कैनु असते विलास् ते-कारणे लागिलो जे … Continue reading गौरा पहुन्

आमार जीवन

Āmār Jīvan (in Hindi) आमार जीवन, सदा पापे रत, नाहिको पुण्येर लेष परेरे उद्वेग, दियाछि ये कोतो, दियाछि जीवेरे क्लेश निजसुख लागि’, पापे नाहि डोरि, दया-हीन स्वार्थ-परो पर-सुखे दुःखी, सदा … Continue reading आमार जीवन

नारद मुनि बाजाय वीणा

Nārada Muni Bājāy Vīṇā (in Hindi) नारद मुनि, बाजाय वीणा ‘राधिका-रमण’ – नामे नाम अमनि, उदित होय भकत – गीत – सामे अमिय-धारा, बरिषे घन श्रवण-युगले गिया भकत-जन, सघने नाचे … Continue reading नारद मुनि बाजाय वीणा

अनादि करम फले

Anādi Karama Phale (in Hindi) अनादि’ करम-फले, पडि’ भवार्णव जले, तरिबारे ना देखि उपाय ऎइ विषय-हलाहले, दिवा-निशि हिया ज्वले, मन कभु सुख नाहि पाय आशा-पाश-शत-शत, क्लेश देय अविरत, प्रवृत्ति-ऊर्मिर ताहे … Continue reading अनादि करम फले

प्रेम-ध्वनी स्तोत्र

Prema-Dhvanī Prayers (in Hindi) जय ॐ विष्णु- पाद परमहंस परिव्राजकाचार्य अष्टोत्तरशत श्री श्रीमद् हिस् डिवैन् ग्रेस् ए.सि भक्तिवेदांतस्वामि प्रभुपाद की जय इस्कान्-संस्थापनाचार्य, सेवियर् आफ् द होल् वऽल्ड् जगद् गुरु श्रील … Continue reading प्रेम-ध्वनी स्तोत्र

श्री ब्रह्म-संहित

Śrī Brahma-saṁhitā (in Hindi) ईश्वरः परमः कृष्णः सच्चिदानंद विग्रहः अनादिरादिर्गॊविंदः सर्व कारण कारणं चिंतामणि-प्रकर-सद्मिसु कल्पवृक्ष- लक्षावृतेषु सुरभिरभिपालयंतं लक्श्मी-सहस्र-शत-संभ्रम-सेव्यमानं गोविंदं आदिपुरुषं तमहं भजामि वेणुं क्वणंतं अरविंद-दलायताक्षं बर्हावतंसं असितांबुद सुंदरांगं कंदर्प-कोटि-कमनीय-विशेष-शोभं गोविंदं … Continue reading श्री ब्रह्म-संहित

कृष्ण पादांबुज प्रार्थन

Prayer unto the Lotus Feet of Kṛṣṇa (in Hindi) कृष्ण तब पुण्य हबॆ भाइ ए पुण्य कोरिबे जबे राधाराणी खुषी हबे ध्रुव अति बोलि तोमा ताइ श्री-सिद्धांत सरस्वती शची-सुत प्रिय … Continue reading कृष्ण पादांबुज प्रार्थन

श्री श्री शिक्षाष्टक

Śrī Śrī Śikṣāṣṭaka (in Hindi) चेतो-दर्पण-मार्जनं भव-महा-दावाग्नि-निर्वापणं श्रेयः-कैरव-चंद्रिका-वितरणं विद्या-वधू-जीवनम् आनंदांबुधि-वर्धनं प्रति-पदं पूर्णामृतास्वादनं सर्वात्म-स्नपनं परं विजयते श्री-कृष्ण-संकीर्तनम् नाम्नाम् अकारि बहुधा निज-सर्व-शक्तिः तत्रार्पिता नियमितः स्मरणेन कालः एतादृशी तव कृपा भगवन् ममापि दुर्दैवं … Continue reading श्री श्री शिक्षाष्टक

श्री श्री षड्- गोस्वामि-अष्टक

Śrī Śrī Ṣaḍ-gosvāmy-aṣṭaka (in Hindi) कृष्णोत्कीर्तन- गान-नर्तन-परौ प्रेमामृताम्भो-निधी धीराधीर-जन-प्रियौ प्रिय-करौ निर्मत्सरौ पूजितौ श्री-चैतन्य-कृपा-भरौ भुवि भुवो भारावहंतारकौ वंदे रूप-सनातनौ रघु-युगौ श्री-जीव-गोपालकौ नाना-शास्त्र-विचारणैक-निपुणौ सद्-धर्म संस्थापकौ लोकानां हित-कारिणौ त्रि-भुवने मान्यौ शरण्याकरौ राधा-कृष्ण-पदारविंद-भजनानंदेन मत्तालिकौ … Continue reading श्री श्री षड्- गोस्वामि-अष्टक

श्री व्रजधाम-महिमामृत

Śrī Vraja-dhāma-mahimāmṛta (in Hindi) जय राधे, जय कृष्ण, जय वृंदावन् श्री गोविंद, गोपिनाथ, मदन मोहन् श्यामकुंड, राधाकुंड, गिरि-गोवर्धन् कालिंदी जमुना जय, जय महावन् केशी घाट, बंशी-बट, द्वादश कानन् जाहा सब … Continue reading श्री व्रजधाम-महिमामृत

दैन्य ओ प्रपत्ति

Dainya O Prapatti- Hari He Doyāl Mor (in Hindi) हरि हे दोयाल मोर जय राधा-नाथ् बारो बारो एइ-बारो लोहो निज साथ् बहु जोनि, भ्रमि’ नाथ! लोइनु शरण् निज-गुणे कृपा कोरो’ … Continue reading दैन्य ओ प्रपत्ति

श्री श्री गौर-नित्यानंदेर् दया

Śrī Śrī Gaura-Nityānander Dayā (in Hindi) परम कोरुण, पहू दुइ जन, निताइ गौरचंद्र सब अवतार-सार शिरोमणि, केवल आनंद-कंद भजो भजो भाइ, चैतन्य निताइ, सुदृढ बिश्वास कोरि’ विषय छाडिया, से रसे … Continue reading श्री श्री गौर-नित्यानंदेर् दया

भजहु रे मन

Bhajahū Re Mana (in Hindi) भजहु रे मन श्री नंद-नंदन अभय-चरणारविंद रे दुर्लभ मानव-जनम सत्-संगे तरोहो ए भव-सिंधु रे शीत आतप वात वरिषण ए दिन जामिनी जागि रे बिफले सेविनु … Continue reading भजहु रे मन

श्री दशावतार स्तोत्र

Śrī Daśāvatāra-stotra (in Hindi) प्रलय पयोधि-जले धृतवान् असि वेदम् विहित वहित्र-चरित्रम् अखेदम् केशव धृत-मीन-शरीर, जय जगदीश हरे क्षितिर् इह विपुलतरे तिष्ठति तव पृष्ठे धरणि- धारण-किण चक्र-गरिष्ठे केशव धृत-कूर्म-शरीर जय जगदीश … Continue reading श्री दशावतार स्तोत्र

श्री राधिका स्तव

Śrī Rādhikā-stava (in Hindi) राधे जय जय माधव-दयिते गोकुल-तरुणी-मंडल-महिते दामोदर-रति-वर्धन-वेषे हरि-निष्कुट-वृंदा-विपिनेशे वृषभानुदधि-नव-शशि-लेखे ललिता-सखि गुण-रमित-विशाखे करुणां कुरु मयि करुणा-भरिते सनक सनातन वर्णित चरिते ध्वनि श्री स्तोक कृष्ण दास तथा भक्त वृन्द- इस्कॉन बैंगलोर

श्री दामोदराष्टक

Śrī Dāmodaraṣṭaka (in Hindi) नमामीश्वरं सच्चिदानंद रूपं लसत्-कुंडलं गोकुले भ्राजमानं यशोदाभियोलूखलाद्धावमानं परामृष्टं अत्यंततो द्रुत्य गोप्या रुदंतं मुहुर् नेत्र-युग्मं मृजंतं करांभोज-युग्मेन सातंक-नेत्रं मुहुः श्वास-कंप-त्रिरेखांक-कंठ- स्थित-ग्रैवं दामोदरं भक्तिबद्धम् इतीदृक् स्व-लीलाभीरानंद-कुंडे स्व-घोषं निमज्जंतं … Continue reading श्री दामोदराष्टक

वासंती रास

Vāsantī-rāsa (in Telugu) वृंदावन रम्य-स्थान, दिव्य-चिन्तामणि-धाम, रतन-मंदिर मनोहर आवृत कालिंदी-नीरे, राज-हंस केलि कोरॆ ताहे शोभे कनक-कमल तार मध्ये हेम-पीठ, अष्ट-दले वेष्टित, अष्ट-दले प्रधाना नायिका तारमध्ये रत्नासने, बोसि ‘ आछॆन् दुइ-जने, … Continue reading वासंती रास

मनः शिक्षा

Manaḥ-śikṣā (in Hindi) निताइ-पद-कमल, कोटि-चंद्र-सुशीतल, जे छायाय् जगत जुराय् हेनो निताइ बिने भाइ, राधा-कृष्ण पाइते नाइ, दृढ कोरि ‘ धरो नीताइर् पाय् से संबंध नाहि जा’र्, बृथा जन्म गोलो ता’र्, … Continue reading मनः शिक्षा

सावरण-श्री-गौर-पाद-पद्मॆ प्रार्थन

Sāvaraṇa-śrī-gaura-pāda-padme (in Hindi) श्री-कृष्ण-चैतन्य प्रभु दॊया कॊरो मोरे तॊमा बिना कॆ दॊयालु जगत्-संसारे पतित-पावन-हेतु तव अवतार मॊ सम पतित प्रभु ना पाइबे आर हा हा प्रभु नित्यानंद, प्रेमानंद सुखी कृपावलोकन … Continue reading सावरण-श्री-गौर-पाद-पद्मॆ प्रार्थन

श्री गुरु वंदना

Śrī Guru-vandanā (in Hindi) श्री गुरु-चरण-पद्म केवल भकति सद्म बंदॊ मुयि सावधान मते जाहार प्रसादे भाइ ए भव तोरिया जाइ कृष्ण-प्राप्ति होय् जाहा ह’ते गुरु-मुख-पद्म-वाक्य, चित्तेतॆ कॊरिया ऐक्य आर् ना … Continue reading श्री गुरु वंदना

सावरण-श्री-गौर-महिमा

Sāvaraṇa-śrī-gaura-mahimā (in Hindi) गौरांगेर दुटि पद, जार् धन संपद, से जाने भकतिरससार् गौरांगेर मधुरलीला, जार् कर्णे प्रवेशिला हृदॊय निर्मल भेलो तार् जे गौरांगेर नाम लॊय्, तार हॊय् प्रेमोदॊय् तारे मुइ … Continue reading सावरण-श्री-गौर-महिमा

सखी-वृंदे विज्ञप्ति

Sakhī-vṛnde Vijñapti (in Hindi) राधा-कृष्ण प्राण मोर जुगल-किशोर जीवने मरणे गति आरो नाहि मोर कालिंदीर कूले केलि-कदंबेर वन रतन-बॆदीर उपर बॊसाबॊ दु’ जन श्याम-गौरी-अंगे दिबो (चूवा) चंदनेर गंध चामर ढुलाबो … Continue reading सखी-वृंदे विज्ञप्ति

नाम-संकीर्तन

Nāma-saṅkīrtana (in Hindi) हरि हराये नमः कृष्ण यादवाय नमः यादवाय माधवाय केशवाय नमः गोपाल गोविंद राम श्री मधुसूदन गिरिधारी गोपीनाथ मदन-मोहन श्री चैतन्य-नित्यानंद-श्री अद्वैत-सीता हरि गुरु वैष्णव भागवत गीता श्री-रूप … Continue reading नाम-संकीर्तन

लालसामयी प्रार्थन

Lālasāmayī Prārthana (in Hindi) ‘गौरांग’ बोलिते हबे पुलक – शरीर ‘हरि हरि’ बोलिते नयने ब’बे नीर आर कबे निताइ-चान्देर् कोरुणा होइबे संसार-बासना मोर कबे तुच्छ ह’बे विषय छाडिया कबे शुद्ध … Continue reading लालसामयी प्रार्थन

इष्ट-देवे विज्ञप्ति

Iṣṭa-deve Vijñapti (in Hindi) हरि हरि! बिफले जनम गोङाइनु मनुष्य-जनुम पाइया, राधा-कृष्ण ना भजिया, जानिया शुनिया बिष खाइनु गोलोकेर प्रेम-धन, हरि-नाम-संकीर्तन रति ना जन्मि लो केने ताय् संसार-बिषानले’ दिबा-निशि हिया … Continue reading इष्ट-देवे विज्ञप्ति

वैष्णवे विज्ञप्ति

Vaiṣṇave Vijñapti (in Hindi) एइ-बारो करुणा कॊरो वैष्णव गोसाइ पतित-पावन तोमा बिने केहो नाइ जाहार निकटे गेले पाप दूरे जाय् एमोन दोयाल प्रभु केबा कोथा पाय् गंगार परश होइले पश्चाते … Continue reading वैष्णवे विज्ञप्ति

विद्यार विलासे

Vidyāra Vilāse (in Hindi) विद्यार विलासे,काटाइनु काल, परम साहसे आमि तोमार चरण ना भजिनु कभु, एखोन शरण तुमि पॊडिते पॊडिते, भरसा बाडिलो, ज्ञाने गति हबे मानि’ से आशा बिफल से … Continue reading विद्यार विलासे

ओहे वैष्णव ठाकुर

Ohe! Vaiṣṇava Ṭhākura (in Hindi) ओहॆ! वैष्णब ठाकुर दॊयार सागर ए दासॆ कोरुणा कोरि’ दिया पद-छाया, शोधो हॆ आ माय, तॊमार चरण धोरि छय बॆग दोमि’, छय दोष शोधि’ छय … Continue reading ओहे वैष्णव ठाकुर

तुमि सर्वेश्वरेश्वर

Tumi Sarveśvareśvara (in Hindi) तुमि सर्वेश्वरेश्वर, ब्रजेंद्र-कुमार तोमार इच्छाय विश्वे सृजन संहार तव इच्छा-मतो ब्रह्मा कॊरेन सृजन तव इच्छा-मतो विष्णु कॊरेन पालन तव इच्छा मते शिव कॊरेन संहार तव इच्छा … Continue reading तुमि सर्वेश्वरेश्वर

श्री नाम-कीर्तन

Śrī Nāma-kīrtana (in Hindi) यशोमती नंदन, ब्रज-बरो-नागर गोकुल रंजन काना गोपी-पराण-धन, मदन-मनोहर कालिय-दमन-विधान अमल हरिनाम् अमिय विलासा विपिन-पुरंदर, नवीन नागर-बोर बंशी-बदन सुवासा ब्रज-जन-पालन, असुर-कुल-नाशन नंद गो-धन राखोवाला गोविंद माधव, नवनीत … Continue reading श्री नाम-कीर्तन

गौर-आरति

Gaura-ārati (in Hindi) जय जय गोराचांदेर् आरति को शोभा जाह्नवी-तट-वने जग-मन-लोभा दखिणॆ नीताइचांद्, बामे गदाधर निकटे अद्वैत, श्रीनिवास छत्रधर बोसियाछे गोराचांद रत्न-सिंहासने आरति कोरॆन् ब्रह्मा-आदि देव-गणे नरहरि-आदि कोरि ‘ चामर … Continue reading गौर-आरति

भोग-आरति

Bhoga-ārati (in Hindi) भज भकत-वत्सल श्री-गौरहरि श्री-गौरहरि सोहि गोष्ठ-विहारी, नंद-जशोमती-चित्त-हारी बेला हो ‘ लो, दामोदर, आइस एखानो भोग-मंदिरे बोसि’ कोरहो भोजन नंदेर निदेशे बैसे गिरि-वर-धारी बलदेव-सह सखा बैसे सारि सारि … Continue reading भोग-आरति

शुद्ध-भकत

Śuddha-bhakata (in Hindi) शुद्ध-भकत-चरण-रेणु, भजन-अनुकूल भकत-सेवा, परम-सिद्धि, प्रेम-लतिकार मूल माधव-तिथि, भक्ति-जननी, जतने पालन कोरि कृष्ण-बसति, बसति बोलि’ परम आदरे बोरि गौर् आमार, जे-सब स्थाने, कोरलो भ्रमण रंगे से-सब स्थानॆ, हेरिबो … Continue reading शुद्ध-भकत

कबे ह’बे बोलो

Kabe Ha’be Bolo (in Hindi) कबे ह’ बे बोलो से-दिन अमार् (आमार्) अपराध घुचि’, शुद्ध नामे रुचि, कृपा-बाले ह’ बे हृदोये संचार् तृणाधिक हीन, कबे निजे मानि’, सहिष्णुता-गुण हृदयेते आनि’ … Continue reading कबे ह’बे बोलो

सिद्धि-लालसा

Siddhi Lālasā (in Hindi) कबे गौर-वने, सुरधुनी-तटे ‘हा राधे हा कृष्ण’ बोले’ कांदिया बेरा’ बो, देहो-सुख छाड़ि’, नाना लता-तुरु-तले श्व-पच-गृहेते, मागिया खाइबो, पिबो सरस्वती-जल पुलिने पुलिने, गडा-गडि दिबो, कोरि’ कृष्ण- … Continue reading सिद्धि-लालसा

जय राधा-माधव

Jaya Rādhā-Mādhava (in Hindi) (जय) राधा-माधव (जय) कुंजविहारी (जय) गोपि-जन-वल्लभ (जय) गिरिवरधारी (जय) यशोदानंदन, (जय) व्रजजनरंजन, (जय) यमुना-तीर वन-चारी ध्वनि श्रील प्रभुपाद

राधा-कृष्ण बोल्

Rādhā-Kṛṣṇa Bol (in Hindi) राधा-कृष्ण बोल् बोल् बोलो रे सोबाइ (एइ) शिखा दिया, सब् नदीया फिर्छे नेचे’ गौर-निताइ (मिछे) मायार् बोशे, जाच्छो भेसे’ खाच्छो हाबुडुबु भाइ (जीव्) कृष्ण-दास्, ए विश्वास्, … Continue reading राधा-कृष्ण बोल्

मानस देह गेह

Mānasa Deha Geha (in Hindi) मानस, देहो, गेहो, जो किछु मोर् अर्पिलु तुवा पदे, नन्द-किशोर् संपुदे विपदे, जीवने-मरणे दाय् मम गेला, तुवा ओ-पद बरणे मारोबि राखोबि-जो इच्छा तोहारा नित्य-दास प्रति … Continue reading मानस देह गेह

गुरुदेव्

Gurudeva (in Hindi) गुरुदेव्! कृपाबिंदु दिया, कोरॊ ऎइ दासॆ, तृणापेखा अति हीन सकल सहने, बल दिया कोरॊ, निज-माने स्पृहा-हीन सकलॆ सम्मान, कोरितॆ शकति, देहो नाथ! जथाजथ तबॆ तो गाइबो, हरि-नाम-सुखे, … Continue reading गुरुदेव्

गोपीनाथ

Gopīnātha (in Hindi) भाग-1 गोपिनाथ्, मम निवेदन शुनो विषयी दुर्जन, सदा काम-रत, किछु नाहि मोर गुण गोपीनाथ्, आमार भरसा तुमि तोमार चरणे, लोइनु शरण, तोमार किंकॊर आमि गोपीनाथ्, कॆमोने शोधिबे … Continue reading गोपीनाथ

श्री नाम

Śrī Nāma (in Hindi) गाय् गोरा मधुर् स्वरे हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे गृहे थाको वने थाको सदाहरिबोलॆ डाको … Continue reading श्री नाम

जीव जागो

Aruṇodaya-kīrtana Part II-Jīv jāgo (in Hindi) जीव जागो जीव जागो, गौरचांद बोले कोत निद्रा जाओ माया पिशाचीर-कोले भजिबॊ बोलिया ऎसॆ संसार-भितरे भुलिया रोहिलॆ तुमि अविद्यार भरे तॊमारॆ लोइते आमि हॊइनु … Continue reading जीव जागो

उदिलो अरुण

Aruṇodaya-kīrtana Part I-Udilo aruṇa (in Hindi) उदिलो अरुण पूरब-भागे द्विजमणि गोरा अमनि जागे भकत समूह लोइया साथे गेला नगर-ब्राजे ‘ताथै ताथै’ बाजलॊ खोल् घन घन ताहॆ झाजेर रोल् प्रेमे ढलढल … Continue reading उदिलो अरुण

श्री तुलसी प्रदक्षिण मंत्र

Śrī Tulasī Pradakṣiṇa Mantra (in Hindi) यानि कानि च पापानि ब्रह्म हत्यादिकानि च तानि तानि प्रणश्यंति प्रदक्षिणः पदे पदे ध्वनि श्री स्तोक कृष्ण दास तथा भक्त वृन्द- इस्कॉन बैंगलोर

श्री तुलसी-कीर्तन

Śrī Tulasī-kīrtana (in Hindi) तुलसी कृष्ण प्रेयसी नमो नमः राधा-कृष्ण-सेवा पाबॊ ऎइ अभिलाषी ये तोमार शरण लोय्, तार वांछा पूर्ण होय् कृपा कोरि कोरॊ तारॆ वृंदावन-वासी मॊर् एइ अभिलाष्, विलास् … Continue reading श्री तुलसी-कीर्तन

श्री तुलसी प्रणाम

Śrī Tulasī Praṇāma (in Hindi) (ॐ )वृंदायै तुलसी देव्यै प्रियायै केशवस्य च विष्णु-भक्ति-प्रदे देवी सत्यवत्यै नमो नमः ध्वनि श्री स्तोक कृष्ण दास तथा भक्त वृन्द- इस्कॉन बैंगलोर

श्री नरसिंह प्रार्थन

Prayer to Lord Nṛsiṁha (in Hindi) तव कर-कमल-वरे नखं अद्भुत-शृंगं दलित हिरण्यकशिपु-तनु-बृंगं केशव धृत-नरहरि-रूप जय जगदीश हरे ध्वनि श्री स्तोक कृष्ण दास तथा भक्त वृन्द- इस्कॉन बैंगलोर

श्री नरसिंह प्रणाम

Śrī Nṛsiṁha Praṇāma (in Hindi) नमस्ते नरसिंहाय प्रह्लादाह्लाद-दायिने हिरण्यकशिपोर्वक्शः शिला-टंक-नखालये इतो नृसिंहः परतो नृसिंहो यतो यतो यामि ततो नृसिंहः बहिर् नृसिंहो हृदये नृसिंहो नृसिंहं आदिं शरणं प्रपद्ये ध्वनि श्री स्तोक … Continue reading श्री नरसिंह प्रणाम

श्री श्री गुर्वष्टक

Śrī Śrī Gurv-aṣṭaka (in Hindi) संसार-दावानल-लीढ-लोक त्राणाय कारुण्य-घनाघनत्वम् प्राप्तस्य कल्याण-गुणार्णवस्य वंदे गुरोः श्री चरणारविंदं महाप्रभोः कीर्तन-नृत्य-गीत वादित्र-माद्यन्-मनसो रसेन रोमान्च-कंपाश्रु-तरंग-भाजो वंदे गुरोः श्री चरणारविंदं श्री विग्रहाराधन नित्य नाना शृंगार-तन्मंदिर मार्जनादौ युक्तस्य … Continue reading श्री श्री गुर्वष्टक

श्री राधा प्रणाम

Śrī Rādhā praṇāma (in Hindi) तप्त-कांचन गौरांगी राधे वृंदावनेश्वरी वृषभानु सुते देवी प्रणमामि हरि-प्रिये ध्वनि श्रील प्रभुपाद

प्रयोजनाधिदेव प्रणाम

Prayojanādhideva praṇāma (in Hindi) श्रीमान् रास रसारंभी वंशीवट तटस्थितः कर्षन् वेणुस्वनैर् गोपीर् गोपीनाथः श्रीयेऽस्तु नः ध्वनि श्रील प्रभुपाद

अभिधेयाधिदेव प्रणाम

Abhidheyādhideva praṇāma (in Hindi) दीव्यद् वृंदारण्य कल्प-द्रुमाधः श्रीमद् रत्नागार सिंहासनस्थौ श्रीमद् राधा श्रील गोविंद देवौ ष्रेष्ठालीभिः सेव्यमानौ स्मरामि ध्वनि श्रील प्रभुपाद

संबंधाधिदेव प्रणाम

Sambandhādhideva praṇāma (in Hindi) जयतां सुरतौ पंगोर् मम मंद-मतेर् गती मत्सर्वस्व पदांभोजौ राधा-मदन-मोहनौ ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्री कृष्ण प्रणाम

Śrī Kṛṣṇa praṇāma (in Hindi) हे कृष्ण करुणा-सिंधो दीन-बंधो जगत्पते गोपेश गोपिका-कांत राधा-कांत नमोऽस्तुते ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्री पंच-तत्व प्रणाम

Śrī Pañca-tattva praṇāma (in Hindi) पंच-तत्त्वात्मकं कृष्णं भक्तरूप स्वरूपकं भक्तावतारं भक्ताख्यं नमामि भक्तशक्तिकं ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्री गौरांग प्रणाम

Śrī Gaurāṅga praṇāma (in Hindi) नमो महावदान्याय कृष्णप्रेमप्रदाय ते कृष्णाय कृष्णचैतन्यनाम्ने गौरत्विषे नमः ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्री वैष्णव प्रणाम

Śrī Vaiṣṇava praṇāma (in Hindi) वाञ्छा कल्पतरुभ्यश्च कृपा-सिंधुभ्य एव च पतितानाम् पावनेभ्यो वैष्णवेभ्यो नमो नमः ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्रील भक्तिविनोद प्रणति

Śrī Bhaktivinoda praṇati (in Hindi) नमो भक्तिविनोदाय सच्चिदानंद-नामिने गौरशक्तिस्वरूपाय रूपानुग-वराय ते ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्रील गौरकिशोर प्रणति

Śrī Gaurakiśora praṇati (in Hindi) नमो गौर-किशोराय साक्षाद्वैराग्य मूर्तये विप्रलंभ-रसांबोधे पादांबुजाय ते नमः ध्वनि श्रील प्रभुपाद

मंगलाचरण

Maṅgalācaraṇa (in Hindi) वंदेऽहं श्रीगुरोः श्रीयुतपदकमलं श्रीगुरून् वैष्णवाँश्च श्रीरूपं साग्रजातं सहगण रघुनाथान्वितं तं सजीवम् साद्वैतं सावधूतं परिजन सहितं कृष्ण चैतन्य देवं श्री राधाकृष्ण पादान् सहगण ललिता श्री विशाखान्वितांश्च ध्वनि श्रील … Continue reading मंगलाचरण

श्री रूप प्रणाम

Śrī Rūpa praṇāma (in Hindi) श्री चैतन्य मनोभीष्ठं स्थापितं येन भूतले स्वयंरूपः कदा मह्यं ददाति स्वपदांतिकं ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्री गुरु प्रणाम

Śrī Guru praṇāma (in Hindi) ॐ अज्ञानतिमिरांधस्य ज्ञानांजनशलाकया चक्षुर् उन्मीलितं येन तस्मै श्रीगुरवे नमः ध्वनि श्रील प्रभुपाद

हरे कृष्ण महामंत्र

Hare Kṛṣṇa Mahā-mantra (in Hindi) हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्री पंच-तत्व मंत्र

Śrī Pañca-tattva mantra (In Hindi) (जय) श्रीकृष्णचैतन्य प्रभु नित्यानंद श्री अद्वैत गदाधर श्रीवासादि गौर भक्तवृंद ध्वनि श्रील प्रभुपाद

श्रील प्रभुपाद प्रणति

Śrīla Prabhupāda Praṇati (in Hindi) नम ॐ विष्णुपादाय कृष्णप्रेष्ठाय भूतले श्रीमते भक्तिवेदांतस्वामिन् इति नामिने । नमस्ते सारस्वते देवे गौरवाणी प्रचारिणे निर्विशेष शून्यवादि पाश्चात्यदेश तारिणे ।। ध्वनि श्री स्तोक कृष्ण दास … Continue reading श्रील प्रभुपाद प्रणति